इकोसिस्टम / विशेषज्ञता केंद्र (CoE) / विशेषज्ञता केंद्र (CoE) के रूप में
उत्तर प्रदेश सरकार सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस (CoE) के रूप में विश्वस्तरीय अवसंरचना के विकास की परिकल्पना करती है। CoE में इनक्यूबेशन का परिपक्व अनुभव, अनुसंधान एवं विकास (R&D) के उत्कृष्ट मानक तथा उद्यमिता के संवर्धन हेतु श्रेष्ठ कार्य-पद्धतियों को प्रोत्साहित करने की क्षमता होना आवश्यक है।
पाँच वर्षों में 20 नए सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस (CoEs) स्थापित करने का प्रस्ताव है। इसके लिए प्राप्त प्रस्तावों का मूल्यांकन एवं अनुमोदन सशक्त समिति (Empowered Committee–EC) द्वारा किया जाएगा।
इस पहल का उद्देश्य एक विश्वस्तरीय सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस (CoE) स्थापित करना है, जिसमें भारत एवं विदेशों के 50 सर्वाधिक संभावनाशील उत्पाद-आधारित स्टार्टअप को उभरती प्रौद्योगिकियों, जैसे क्वांटम कंप्यूटिंग, कृत्रिम बुद्धिमत्ता एवं मशीन लर्निंग, ब्लॉकचेन, एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग तथा अन्य डीप टेक क्षेत्रों के साथ-साथ स्पेस टेक, डिफेंस टेक, एग्री टेक, एडु टेक, हेल्थ टेक एवं सामाजिक अथवा राष्ट्रीय महत्व के अन्य क्षेत्रों में प्रोत्साहित किया जाएगा।
CoE द्वारा चयनित 50 स्टार्टअप को अवसंरचना (इनक्यूबेशन केंद्र, सह-कार्यस्थल, उत्पाद परीक्षण प्रयोगशालाएँ, उन्नत कंप्यूटर आदि) तथा उभरती प्रौद्योगिकियों एवं प्रबंधन के विशेषज्ञों के मार्गदर्शन के माध्यम से समग्र सहायता प्रदान की जाएगी।
सरकारी एवं निजी तकनीकी महाविद्यालय, प्रबंधन संस्थान, अनुसंधान एवं विकास (R&D) संस्थान, गैर-लाभकारी संगठन, कॉर्पोरेट संस्थाएँ तथा उद्योग संघ CoE स्थापित करने के लिए पात्र होंगे। पात्र संस्थाएँ अपने प्रस्ताव स्वतंत्र रूप से प्रस्तुत कर सकती हैं अथवा औपचारिक अभिरुचि अभिव्यक्ति (Expression of Interest–EoI) के माध्यम से आमंत्रित प्रस्ताव भी प्रस्तुत किए जा सकते हैं।
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